Himachal Weather Update: हिमाचल में कुदरत का कहर, 35 घंटों से लगातार बारिश-बर्फबारी; अटल टनल और पांगी में भारी बर्फबारी
शिमला: Himachal Weather Update: हिमाचल प्रदेश में भारी बर्फबारी और बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। अटल टनल, सोलंगनाला, लाहौल-स्पीति और चंबा जिले के पांगी के ऊंचे क्षेत्रों में 3 फीट से अधिक ताजा हिमपात दर्ज किया गया है, जिसके चलते मनाली से आगे वाहनों की आवाजाही रोक दी गई है। चंबा और किन्नौर में भूस्खलन और बर्फबारी के कारण नेशनल हाईवे बंद हो गए हैं और दर्जनों बिजली ट्रांसफार्मर ठप पड़े हैं।
मौसम विभाग और स्थानीय प्रशासन के मुताबिक मनाली की ऊंची चोटियों और रोहतांग दर्रा सहित लाहौल की पहाड़ियों पर पिछले चार दिनों से रुक-रुक कर हिमपात हो रहा है। इन क्षेत्रों में अब तक तीन फीट से अधिक ताजा बर्फ जम चुकी है। मनाली के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल सोलंगनाला में सुबह से ही बर्फ गिर रही है, जबकि मनाली शहर और निचले इलाकों में मूसलाधार बारिश हो रही है। सुरक्षा की दृष्टि से प्रशासन ने सोलंगनाला से आगे अटल टनल की ओर जाने वाले सभी वाहनों की आवाजाही पर रोक लगा दी है। पर्यटकों को भी ऊपरी इलाकों की ओर न जाने की सलाह दी गई है।
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उधर चंबा के पांगी में भी पिछले कल से लगातार बर्फबारी हो रही है पांगी घाटी के मुख्यालय किलाड़ में चार से पांच इंज तक ताजा हिमपात हो चुका है। वहीं उचांई वाले क्षेत्रों में एक फीट के करीब हिमपात दर्ज किया गया है। बर्फबारी के कारण पांगी में वहानों की अवाजाही पूरी तरह से ठप हो गई है। सड़कें बंद पड़ी हुई है। पांगी से कुल्लू में जगह-जगह भूस्खलन के कारण प्रशासन ने सोलंगनाला से आगे अटल टनल की ओर जाने वाले सभी वाहनों की आवाजाही पर रोक लगा दी है। एसडीएम पांगी अमन दीप सिंह ने बताया कि बर्फबारी को देखते हुए क्षेत्र के लोगों को अलर्ट जारी किया हुआ है और लोगों को संवेदनशील क्षेत्रों में न जाने की हिदायत दी गई है।
चंबा में नेशनल हाईवे बंद, 30 ट्रांसफार्मर हुए ठप
पर्वतीय क्षेत्रों में हो रही इस बर्फबारी का सबसे ज्यादा असर चंबा जिले में देखने को मिल रहा है। लगातार बारिश और ऊंची पहाड़ियों पर हो रहे हिमपात के कारण पठानकोट-चंबा-भरमौर राष्ट्रीय राजमार्ग कई जगहों पर बंद हो गया है। इसके अलावा, पांगी वाया साच-पास जाने वाली सड़कें भी बर्फ की मोटी परत के कारण अवरुद्ध हैं। बिजली विभाग के लिए भी यह मौसम बड़ी चुनौती पेश कर रहा है; जिले में करीब 30 बिजली ट्रांसफार्मर तकनीकी खराबी के चलते ठप पड़े हैं, जिससे कई ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति पूरी तरह से कट गई है।
किन्नौर में लैंडस्लाइड से NH-5 अवरुद्ध, प्रशासन अलर्ट पर
बर्फबारी के साथ-साथ बारिश के कारण भूस्खलन (Landslide) की घटनाएं भी बढ़ गई हैं। किन्नौर जिले में मालिंग नाला के पास पहाड़ का एक बड़ा हिस्सा दरकने से राष्ट्रीय राजमार्ग-5 (NH-5) पूरी तरह से बंद हो गया है। सड़क पर मलबे और पत्थरों के आने से सीमावर्ती क्षेत्रों की ओर जाने वाला संपर्क टूट गया है। सीमा सड़क संगठन (BRO) और लोक निर्माण विभाग की टीमें मशीनों के साथ रास्ता साफ करने में जुटी हैं, लेकिन रुक-रुक कर हो रही बारिश और गिरते पत्थरों के कारण राहत कार्य में भारी बाधा आ रही है।
मार्च में जनवरी जैसी ठंड, पर्यटकों और स्थानीय लोगों की बढ़ी मुश्किलें
मार्च के मध्य में हो रही इस भारी बर्फबारी ने मौसम विज्ञानियों को भी चौंका दिया है। शिमला के निचले क्षेत्रों में भी सुबह से बादल छाए हुए हैं और ठंडी हवाओं ने लोगों को गर्म कपड़े दोबारा निकालने पर मजबूर कर दिया है। प्रशासन ने अगले 24 घंटों के लिए कड़ा अलर्ट जारी किया है और लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है। ऊंचाई वाले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को राशन और ईंधन का स्टॉक रखने की सलाह दी गई है, क्योंकि मौसम के तेवर अभी और कड़े होने की संभावना है।
किन्नौर, लाहुल-स्पीति व शिमला, कुल्लू, चंबा, कांगड़ा जिलों के ऊंचाई वाले स्थानों में एक-दो स्थानों पर भारी हिमपात होने और इन जिलों के साथ मंडी जिला के निचले क्षेत्रों में भारी वर्षा होने की संभावना है। प्रदेश में मौसम ने मार्च के महीने में दिसंबर जैसी सर्दी का अहसास करा दिया है। राज्य के कई हिस्सों में बारिश और ऊंचाई वाले इलाकों में लगातार बर्फबारी हो रही है, जबकि बीती रात कई स्थानों पर तेज आंधी भी चली। मौसम विभाग ने आज और कल के लिए भारी वर्षा, बर्फबारी, ओलावृष्टि व तूफान चलने का आरेंज अलर्ट जारी किया है और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
